भारत माता की जय,का नारा लगाने की स्थिति में नहीं है कांग्रेसी: योगी आदित्यनाथ

काल्का , 11 अक्टूबर (सारिका तिवारी)

योगी आदित्यनाथ आज काल्का हल्के में भाजपा प्रत्याशी लतिका शर्मा के लिए प्रचार सभा में आमंत्रित थे। उन्होने हरियाणा में चुनावी रैली करने के लिए काल्का हल्के को दो कारणों से चुना पहला कारण यह मान कालिका का सिद्धपीठ है ओर दूसरे यह विधानसभा क्षेत्र संख्या अनुक्रमांक में पहले नंबर पर आता है। योगी ने काश्मीर से लेकर राफेल तक सभी मुद्दों पर बात की। वहीं उन्होने कॉंग्रेस के दोगले चरित्र पर खूब लताड़ लगाई। योगी ने याद दलाया की कॉंग्रेस में भारत माता का नारा रोक कर सोनिया गांधी ज़िंदाबाद के नारे लगवाए जाते है।

कांग्रेस ने पहले देश बेचा, अब टिकट बेच रहे : योगी आदित्यनाथ

कालका 11 अक्तूबर (सारिका तिवारी)

हरियाणा विधानसभा चुनाव 2019 के मद्देनजर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए हुए उसे देश बेचने वाला बताया। योगी ने कहा कि कांग्रेस ने पहले देश को बेचा। जब देश की सत्ता उनके हाथ से चली गई तो उन्होंने अपनी पार्टी की टिकट बेचना शुरू कर दी। पार्टी के नेता ही लगातार आरोप लगा रहे हैं कि कांग्रेस के नेताओं द्वारा टिकट बेची गई हैं।इसलिए जिस पार्टी का स्वयं कोई भविष्य तय नहीं है, वह दूसरों के बारे में क्या सोचेगी।

योगी आदित्यनाथ ने लोगों से ज्ञान चंद गुप्ता और लतिका शर्मा के पक्ष में मतदान की अपील की। सीएम योगी आदित्यनाथ कालका में भाजपा प्रत्याशी लतिका शर्मा और पंचकूला से भाजपा के प्रत्याशी ज्ञानचंद गुप्ता के पक्ष में जनसभा को संबोधित करने पहुंचे थे। हजारों की संख्या में पहुंचे लोगों ने योगी आदित्यनाथ का स्वागत किया।


विजयदशमी के दिन रफेल की जब शस्त्र पूजा तो कांग्रेसियों को हंसी आ रही थी अपने देश के समृद्धि विकास पर हंसने वाले लोगों पर कौन विश्वास करेगा। योगी आदित्यनाथ ने कहा कांग्रेस पार्टी घोटाला पार्टी के रूप में सामने आई है। कांग्रेस के कार्यकाल के दौरान घोटालों खासतौर पर वाड्रा के विषय में बात करते हैं उन्होंने कहा कि दामाद जी ने घोटालों के नए कीर्तिमान स्थापित किए गुड़गांव से लेकर पंचकूला तक कोई ऐसी जमीन नहीं छोड़ी जिस पर घोटाला ना क्या हो।

योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री मोदी, गृह मंत्री अमित शाह द्वारा 370 को समाप्त करने की पहल करने और उस पर ऐतिहासिक निर्णय लिए जाने की उनकी सराहना की जबकि राहुल गांधी ने काश्मीर को लेकर कहा की एक बार आप वहाँ छूट दो तो वहाँ खून की नदियां बह जाएंगी और वहाँ एक पटाखा भी नहीं फूटा। कॉंग्रेस और पाकिस्तान की नीति एक ही है की वहाँ जाणीवन में गतिरोध बना रहे और जीवन अस्तव्यस्त रहे। वहाँ आतंकवाद पनपता रहे। दूसरी ओर प्रधान मंत्री मोदी आतंकवाद को वैश्विक चुनौती मानते हुए सम्पूर्ण विश्व को इस समस्या के खिलाफ एक जुट करने पर जुटे हुए हैं।

योगी ने आते ही सभी को नवरात्रि की बधाई दी और याद दिलाया की भाजपा के मंच पर भारत माता की जय जय आर होती है जबकि कॉंग्रेस के मंचों पर भारत मटा की जैकार के नारे रोक कर सोनिया गांधी के नारों की बौछार होती है।

योगी आदित्यनाथ ने रहल गांधी पर चुटकी लेते हुए कहा कि रहल गांधी हर च्नाव के बाद नानी याद आ जाती है और वह उनसे मिलने भी जाते हैं। यह तंज़ उनके अज्ञात विदेशी प्रवासों को लेकर था।

योगी ने कहा कि अब काँग्रेस का कोई भविष्य नहीं रह गया है, कॉंग्रेस के लोग खुद काँग्रेस कि जड़ें खोद रहे हैं। वहीं प्रधान मंत्री मोदी में जनता ने दूसरी बार विश्वास जताया है हरियाणा में मनोहर लाल खट्टर के नेतृत्व में जहां विकास कि बयार बही है वहीं हरियाणा सरार ने 72000 नोकरियाँ बिना साक्षात्कार के वरीयता के आधार पर मोहैया करवाईं गईं। किसी भी पद के लिए भाई भतीजावाद नहीं किया गया।

योगि ने याद दिलाया कि मोदी सरकार कि नीतियों को अक्षरश: पालन करने वाली मनोहर सरकार के कारण हरियाणा ने लोकसभा कि एक भी सीट नहीं गंवाई। सारी लोकसभा सीटें जीतने का गोरव हरियाणा के सर सजा है।

आज़म खान पर कोंग्रेसी नेता की हत्या के प्रयास का अरोप

यूपी कांग्रेस ने पूर्व उपाध्यक्ष मतीउर्रहमान उर्फ बबलू लखनऊ से अपने निजी वाहन से रामपुर लौट रहे थे. शाहजहांपुर में उनकी गाड़ी में ट्रक ने टक्कर मार दी थी. एसपी को दी तहरीर में पूर्व कांग्रेस नेता ने कहा है कि सांसद और उनके पुत्र मुझसे रंजिश रखते हैं. अपने लोगों से मुझे धमकियां दिलवाते है

यूपी कांग्रेस के पूर्व उपाध्यक्ष मतीउर्रहमान उर्फ बबलू

चंडीगढ़:

          समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और रामपुर से सांसद आजम खान की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं. दरअसल, यूपी कांग्रेस के पूर्व उपाध्यक्ष मतीउर्रहमान उर्फ बबलू ने आजम खान और उनके बेटे विधायक अब्दुल्ला आजम खान पर जानलेवा हमला करवाने का गंभीर आरोप लगाया है. कांग्रेस नेता ने पुलिस को दी तहरीर में कहा है कि आजम खान उनकी हत्या कराना चाहते हैं. हाल ही में लखनऊ से लौटते समय शाहजहांपुर में उनकी गाड़ी का एक्सीडेंट भी सांसद ने कराया था.

एसपी को दी तहरीर में पूर्व कांग्रेस नेता ने कहा है कि वह सांसद और उनके बेटे के विरुद्ध मुकदमों और भ्रष्टाचार के मामलों में प्रभावी कार्रवाई करने के लिए शिकायत करते रहे हैं. सांसद के सताए लोगों की पैरवी करते हैं. उन्होंने राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, सीबीआई, ईडी, मुख्यमंत्री और जिला प्रशासन को कई बार पत्र भी लिखे. जनता के साथ सांसद के खिलाफ धरने प्रदर्शन किए. इससे सांसद और उनके पुत्र मुझसे रंजिश रखते हैं. अपने लोगों से मुझे धमकियां दिलवाते हैं.

तहरीर के अनुसार, 3 अक्टूबर को कांग्रेस नेता लखनऊ से अपने निजी वाहन से रामपुर लौट रहे थे. रात साढ़े नौ बजे शाहजहांपुर में उनकी गाड़ी में ट्रक ने टक्कर मार दी. यह हादसा सांसद ने मेरी हत्या कराने के लिए कराया था. इस हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गए. उनके कंधे और पसलियों में फ्रैक्चर आए हैं. गाड़ी क्षतिग्रस्त हो गई. उन्होंने आरोप लगाया कि ट्रक चालक ने उनकी गाड़ी को जानबूझकर टक्कर मारी थी. घटना के बाद उन्हें शाहजहांपुर में शीतल ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया. वहां हालत में कुछ सुधार होने पर अब वह जिला अस्पताल में उपचार करा रहे हैं.

उन्होंने एसपी को दिए पत्र में कहा है कि छह अक्टूबर को उनके चचेरे भाई का निधन हो गया था. सभी लोग वहां गए हुए थे. वह जिला अस्पताल में अकेले थे. तब रात 11 बजे एक व्यक्ति वहां आया और उन्हें धमकाने लगा. कहने लगा कि आजम खां का विरोध करने का अंजाम देख लिया. अगर अब भी नहीं माने तो जान से हाथ धो बैठोगे. वहीं, पड़ोसी पर जानलेवा हमला करने के आरोप में फंसे सपा सांसद मोहम्मद आजम खान और उनके विधायक बेटे अब्दुल्ला आजम खान को सेशन कोर्ट ने झटका दिया है. कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दी है.

अमेठ के बाद अब राय बरेली होगी काँग्रेस मुक्त

महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर 2 अक्टूबर को उत्तर प्रदेश विधानसभा में आयोजित विशेष सत्र के कांग्रेस के बहिष्कार के बावजूद शामिल होने वाली विधायक अदिति सिंह को पार्टी ने कारण बताओ नोटिस जारी किया है. जवाब देने के लिए अदिति सिंह को 2 दिन का समय दिया गया है.

विधायक अदिति सिंह ने गांधी जयंती पर विधानसभा में विशेष सत्र में हिस्सा लिया था
कांग्रेस समेत अन्य विपक्षी दलों ने यूपी सरकार के विशेष सत्र का किया था बहिष्कार
पिछले दिनों सरकार ने MLA अदिति सिंह को मुहैया कराई वाई प्लस श्रेणी की सुरक्षा

लखनऊ: गांधी जयंती पर उत्तर प्रदेश विधानसभा के विशेष सत्र में हिस्सा लेना रायबरेली की सदर सीट से कांग्रेस विधायक अदिति सिंह को भारी पड़ गया है. पार्टी के विधानमंडल दल के नेता अजय कुमार लल्लू ने उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया है. अजय लल्लू ने विधानसभा के विशेष सत्र में अदिति की उपस्थिति को अनुशासनहीनता बताते हुए उनसे जवाब मांगा है. अदिति को जारी कारण बताओ नोटिस में यह भी कहा गया है कि दो दिन की समयसीमा में अगर जवाब नहीं आया तो पार्टी उनके खिलाफ कार्रवाई करेगी. दूसरी ओर, रायबरेली में कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने अदिति सिंह के घर के बाहर घेराव कर हंगामा शुरू कर दिया. वह अदिति सिंह से इस्तीफे की मांग कर रहे हैं.

गौरतलब हो कि रायबरेली सदर से कांग्रेस विधायक अदिति सिंह ने बुधवार को कांग्रेस पार्टी के सदन के बहिष्कार के फैसले की अवहेलना करते हुए विधानसभा के विशेष सत्र में हिस्सा लिया था. उन्होंने कहा था कि वह दलगत भावना से ऊपर उठकर महात्मा गांधी पर बोलने आई हैं. उन्होंने यह भी कहा था कि वह शिक्षित और पढ़ी-लिखी विधायक हैं. इसलिए कश्मीर से अनुच्छेद 370 समाप्त किए जाने का उन्होंने समर्थन किया. उन्होंने विधानसभा सत्र में तो हिस्सा लिया, लेकिन कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के पैदल मार्च से वह दूर रहीं.

रायबरेली जल्द हो सकता है कांग्रेस मुक्त

कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी का संसदीय क्षेत्र रायबरेली जल्द ही कांग्रेस-मुक्त हो सकता है, क्योंकि यहां से उनके दो विधायक बीजेपी में शामिल हो सकते हैं. उत्तर प्रदेश में कांग्रेस के पास सात विधायक हैं, जिसमें से दो विधायक रायबरेली से हैं. सूत्रों के अनुसार, दोनों विधायक निष्कासित होने का इंतजार कर रहे हैं, ताकि उनकी सदस्यता रद्द न की जा सके. कांग्रेस विधायक फिलहाल इस्तीफा देकर अपनी-अपनी सीटों से दोबारा चुनाव लड़ने के लिए उत्सुक नहीं दिख रहे हैं. रायबरेली से कांग्रेस के दो विधायकों में अदिति सिंह और राकेश सिंह हैं.

अदिति सिंह ने बुधवार को न केवल विधानसभा सत्र में भाग लिया, बल्कि उन्होंने उसी दिन लखनऊ में प्रियंका गांधी वाड्रा के नेतृत्व में आयोजित पदयात्रा से भी दूर रहने का फैसला किया. बाद में उन्होंने संवाददाताओं से कहा, “जो मैंने किया, मैं समझती हूं कि वह सही था और पार्टी जो भी तय करेगी वह मुझे स्वीकार है.” राकेश सिंह कांग्रेस के विधान परिषद सदस्य (एमएलसी) दिनेश सिंह के छोटे भाई हैं. राकेश सिंह ने पहले ही पार्टी के कार्यों और बैठकों में भाग लेना बंद कर दिया है और उनका झुकाव भाजपा की ओर है.

केजरिवल के बयान से सियासत गरमाई

सीएम केजरीवाल मंगोल पुरी इलाके में संजय गांधी मेमोरियल अस्पताल की आधारशिला रखने के लिए पहुंचे थे. इस दौरान वह जनता को संबोधित करते हुए दिल्ली में आप सरकार के दौरान स्वास्थ्य क्षेत्र में हुए कार्यों के बारे में बता रहे थे. केजरीवाल ने इलाज के लिए दिल्ली आनेवाले बाहर के लोगों (खासकर बिहार के लोगों) पर कॉमेंट किया था, जिसपर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। बिहार सीएम नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) ने भी बयान की निंदा की है।

  • दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के बयान पर चढ़ा सियासी पारा
  • कहा, बिहार से लोग 500 की टिकट लेकर दिल्ली से 5 लाख का इलाज फ्री में करवाकर जाते हैं
  • मनोज तिवारी ने पूछा, बाहरी लोगों के आने से उनका (केजरीवाल) कलेजा क्यों फट रहा है?
  • नीतीश कुमार की पार्टी जेडीयू ने भी की निंदा, कहा- बाल ठाकरे की तरह व्यवहार न करें

नई दिल्लीः राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली विधानसभा चुनाव 2020 की तैयारियों में जुटे मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने अपने ताजा बयान के लिए बिहार से आने वाले लोगों का मजाक उड़ाया है. केजरीवाल ने कहा है कि बिहार का आदमी 500 रुपये का टिकट लेकर दिल्ली आता है और 5 लाख रुपये का ऑपरेशन फ्री में करवाकर वापस चला जाता है. सीएम केजरीवाल मंगोल पुरी इलाके में संजय गांधी मेमोरियल अस्पताल की आधारशिला रखने के लिए पहुंचे थे.

इस दौरान उन्होंने जनता को संबोधित करते हुए दिल्ली में आप सरकार के दौरान स्वास्थ्य क्षेत्र में हुए कार्यों के बारे में बता रहे थे.

विधानसभा चुनाव की तैयारियों के लिए आम आदमी पार्टी ने  21 सितंबर से जनसंवाद यात्रा कार्यक्रम शुरू कर दिया है. 

इससे पहले 26 सितंबर को एनआरसी के मुद्दे पर दिल्ली बीजेपी के अध्यक्ष मनोज तिवारी पर दिए गए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के बयान पर विवाद हुआ था. सीएम केजरीवाल ने कहा था कि अगर राष्ट्रीय राजधानी में एनआरसी लागू हुआ तो सबसे पहले बीजेपी सांसद मनोज तिवारी को शहर छोड़ना होगा. सीएम केजरीवाल के इस बयान को बीजेपी ने हाथों हाथ लपक लिया और इसे पूर्वांचल का अपमान करार दिया. इस बयान पर मनोज तिवारी ने खुद भी बेहद तीखी प्रतिक्रिया दी थी.

मनोज तिवारी ने केजरीवाल पर करते हुए कहा था कि अरविंद केजरीवाल को मालूम होना चाहिए कि एनआरसी में घुसपैठियों को चिन्हित किया जाता है. मनोज तिवारी ने केजरीवाल के मानसिक संतुलन पर ही सवाल खड़े कर दिए थे. 

मनोज तिवारी पर दिए गए बयान से गुस्साए बीजेपी पूर्वांचल मोर्चा के सदस्यों ने 26 सितंबर को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के घर के सामने जमकर नारेबाजी की और हंगामा किया था. 

पहली शैलपुत्री कहलावे

नवरात्रि 2019 शुभ महूरत समय सारिणी :

29 सितंबर रविवार से शुरू हो रहे नवरात्रि के दौरान मां दुर्गा के सभी नौ रूपों की पूजा की जाती है। शारदीय नवरात्रि को मुख्‍य नवरात्रि माना जाता है। हिन्‍दू कैलेंडर के अनुसार यह नवरात्रि शरद ऋतु में अश्विन शुक्‍ल पक्ष से शुरू होती हैं और पूरे नौ दिनों तक चलती हैं। मां दुर्गा इस बार सर्वार्थसिद्धि और अमृत सिद्धि योग में हाथी पर सवार होकर रविवार को हमारे घर पधारेंगी। फिर 9 दिन बाद घोड़े पर विदा होंगी। घट स्थापना प्रतिपदा तिथि रविवार को सर्वार्थसिद्धि व अमृत सिद्धि योग में होगी। विद्वान पंडितों के अनुसार 29 सितंबर, 2 अक्टूबर और 7 अक्टूबर के दिन दो-दो योग रहेंगे। इन योगों में नवरात्र पूजा काफी शुभ रहेगी।

कलश स्थापना ( घट स्थापना ) की विधि एवं शुभ मूहुर्त का समय

आचार्यों ने बताया कि नवरात्रि में कलश स्‍थापना का विशेष महत्‍व है। कलश स्‍थापना को घट स्‍थापना भी कहा जाता है। नवरात्रि की शुरुआत घट स्‍थापना के साथ ही होती है। घट स्‍थापना शक्ति की देवी का आह्वान है। पंडित विवेक गैरोला ने बताया कि सुबह स्नान कर साफ-सुथरे कपड़े पहनें। पूजा का संकल्प लें। मिट्टी की वेदी पर जौ को बोएं, कलश की स्थापना करें, गंगा जल रखें। इस पर कुल देवी की प्रतिमा या फिर लाल कपड़े में लिपटे नारियल को रखें और पूजन करें। दुर्गा सप्तशती का पाठ अवश्य करें। साथ ही यह भी ध्यान रखें कि कलश की जगह पर नौ दिन तक अखंड दीप जलता रहे।

शुभ मूहुर्त का समय

शुभ समय – सुबह 6.01 से 7.24  बजे तक।
अभिजीत मुहूर्त- 11.33 से 12.20 तक 

पूरे 9 दिन होगी आराधना

नवरात्र 9 दिनों का होता है और दसवें दिन देवी विसर्जन के साथ नवरात्र का समापन होता है। लेकिन, ऐसा हो पाना दुर्लभ संयोग माना गया है, क्योंकि कई बार तिथियों का क्षय हो जाने से नवरात्र के दिन कम हो जाते हैं। लेकिन, इस बार पूरे 9 दिनों की पूजा होगी और 10वें दिन देवी की विदाई होगी। यानी 29 सितंबर से आरंभ होकर 7 अक्तूबर को नवमी की पूजा होगी और 8 को देवी विसर्जन होगा।

नवरात्र में इन नौ देवियों का पूजन

: पहले दिन- शैलपुत्री
: दूसरे दिन- ब्रह्मचारिणी
: तीसरे दिन- चंद्रघंटा
: चौथे दिन- कुष्मांडा
: पांचवें दिन- स्कंद माता
: छठे दिन- कात्यानी
: सातवें दिन- कालरात्रि
: आठवें दिन- महागौरी
: नवें दिन- सिद्धिदात्री

किस दिन कौनसा योग

: 29 सितंबर- सर्वार्थसिद्धि व अमृत सिद्धि योग
: 1 अक्टूबर- रवि योग
: 2 अक्टूबर- रवि योग व सर्वार्थ सिद्धि योग
: 3 अक्टूबर- सर्वार्थसिद्धि योग
: 4 अक्टूबर- रवि योग
: 6 अक्टूबर- सर्वार्थ सिद्धि योग
: 7 अक्टूबर- सर्वार्थसिद्धि योग व रवि योग
ये सभी योग व्यापार और खरीदारी के लिए शुभ हैं।

कलश स्थापना के दिन शुक्र का उदय होना बेहद शुभ फलदायी 

इस बार कलश स्थापना के दिन ही सुख समृद्धि के कारक ग्रह शुक्र का उदय होना बेहद शुभ फलदायी है। शुक्रवार का संबंध देवी लक्ष्मी से है। नवरात्र के दिनों में देवी के सभी रूपों की पूजा होती है। शुक्र का उदित होना भक्तों के लिए सुख-समृद्धि दायक है। धन की इच्छा रखने वाले भक्त नवरात्र के दिनों में माता की उपासना करके अपनी आर्थिक परेशानी दूर कर सकते हैं। इस दिन बुध का शुक्र के घर तुला में आना भी शुभ फलदायी है।

ज्योतिषाचार्यों ने कहा कि शारदीय नवरात्र इस बार कई संयोग लेकर आएं हैं। जिससे भक्तों को शुभ फल की प्राप्ति होगी। वहीं इस बार पूरे नौ दिन मां अंबे की पूजा-अर्चना होगी, जबकि दसवें दिन मां को विधि-विधान के साथ विदाई दी जाएगी। ऐसा दुर्लभ संयोग लंबे समय बाद बना है।

चार सर्वार्थ सिद्धि योग 

इस साल की नवरात्र इसलिए भी खास है क्योंकि इस बार 4 सर्वार्थ सिद्धि योग बन रहे हैं। ऐसे में साधकों को सिद्धि प्राप्त करने के पर्याप्त अवसर मिल रहे हैं। 29 सितंबर, 2, 6 और 7 अक्तूबर को भी यह शुभ योग बन रहा है।

संयोग में होगा कलश स्थापना 

रविवार को नवरात्र का प्रारंभ इस बार कलश स्थापना के दिन सर्वार्थ सिद्धि योग, अमृत सिद्धि योग और द्विपुष्कर नामक शुभ योग में होगा। ये सभी घटनाएं नवरात्र का शुभारंभ कर रहे हैं। इसी दिन भक्त 10 दिनों तक माता की श्रद्धा भाव से पूजा का संकल्प लेकर घट स्थापना करेंगे।

दो सोमवार होना भी फलदायी

इस बार नवरात्र का आरंभ रविवार को हो रहा है और इसका समापन मंगलवार को होगा। ऐसे में नवरात्र में दो सोमवार और दो रविवार आएंगे। पहले सोमवार को देवी ब्रह्मचारिणी की पूजा होगी और अंतिम सोमवार को महानवमी के दिन सिद्धिदात्री की पूजा होगी। नवरात्र में दो सोमवार का होना शुभ फलदायी माना गया है।

पहले दिन ऐसे करें मां शैलपुत्री की पूजा

नवरात्रि के पहले दिन मां शैलपुत्री की पूजा होती है।
चौकी पर मां शैलपुत्री की तस्वीर या प्रतिमा को स्थापित करे और इसे बाद कलश कि स्थापना करें। कलश के ऊपर नारियल और पान के पत्ते रख कर स्वास्तिक जरूर बनाएं। इसके बाद कलश के पास अंखड ज्योति जला कर ‘ऊँ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डाय विच्चे ओम् शैलपुत्री देव्यै नम:’ मंत्र का जाप करें और फिर सफेद फूल मां को अर्पित करें। इसके बाद मां को सफेद रंग का भोग लगाएं। जैसे खीर या मिठाई आदि। अब माता कि कथा सुने और आरती करें। शाम को मां के समक्ष कपूर जरूर जलाएं।

 मंत्र

1. ऊँ शं शैलपुत्री देव्यै: नम:
2. वन्दे वाञ्छितलाभाय चन्द्रार्धकृतशेखराम्। वृषारुढां शूलधरां शैलपुत्रीं यशस्विनीम्॥
3. वन्दे वांछित लाभाय चन्द्राद्र्वकृतशेखराम्। वृषारूढ़ा शूलधरां यशस्विनीम्॥
4. या देवी सर्वभूतेषु माँ शैलपुत्री रूपेण संस्थिता। नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नम:॥ मां

चिनमयानन्द से 5 करोड़ की रंगदारी मांगने वाली पीड़िता की जमानत याचिका खारिज

पूर्व केंद्रीय मंत्री स्‍वामी चिन्‍मयानंद पर यौन शोषण का आरोप लगाने वाली पीड़ित छात्रा को विशेष जांच दल (एसआईटी) ने बुधवार को गिरफ्तार कर लिया है. एसआईटी ने पीड़ित छात्रा को चिन्‍मयानंद से रंगदारी मांगने के आरोप में गिरफ्तार किया है. एसआईटी के मुताबिक पीड़ित छात्रा और उसके दोस्‍तों पर चिन्‍मयानंद से 5 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी थी. पीड़ित छात्रा को मेडिकल के लिए ले जाया गया है. स्वामी चिन्मयानंद से रंगदारी मांगने के आरोप में पीड़ित छात्रा की गिरफ्तारी के मामले शाहजहांपुर एडीजे फर्स्ट कोर्ट ने बुधवार को पीड़िता की जमानत अर्जी खारिज कर दी.

शाहजहांपुर. स्वामी चिन्मयानंद से रंगदारी मांगने के आरोप में पीड़ित छात्रा की गिरफ्तारी के मामले में शाहजहांपुर एडीजे फर्स्ट कोर्ट ने बुधवार को पीड़िता की जमानत अर्जी खारिज कर दी. पीड़िता की गिरफ्तारी के बाद उसके वकील ने कोर्ट में जमानत के लिए अर्जी दाखिल की थी. गुरुवार को फिर से कोर्ट में छात्रा की जमानत के लिए आवेदन किया जाएगा. 26 सितंबर को कोर्ट ने दोनों पक्षों की सुनवाई के लिए तारीख दे रखी है.

सहायक अभियोजन अधिकारी लाल साहब ने फोन पर बताया कि चिन्मयानंद से पांच करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने वाली रेप पीड़िता छात्रा की जमानत अर्जी उनके अधिवक्ता अनूप त्रिवेदी ने एसीजीएम की अदालत में लगाई थी. जिसे अदालत ने खारिज कर दिया.

30 सितंबर को होगी चिन्मयानंद की जमानत पर सुनवाई

उधर चिन्मयानंद के अधिवक्ता ओम सिंह ने बताया कि बुधवार को उन्होंने पूर्व केंद्रीय मंत्री की जमानत की अर्जी जिला जज की अदालत में दी है, जिस पर सुनवाई के लिए 30 सितंबर की तारीख तय हुई है. पीड़िता की गिरफ्तारी के बाद विशेष जांच दल (एसआईटी) ने प्रेस वार्ता की, जिसमें आईपीएस भारती सिंह ने बताया कि चिन्मयानंद को मोबाइल पर धमकी भरा मैसेज भेजा गया था. जिसमें उनसे पांच करोड़ रुपए की मांग की गई थी. रंगदारी नहीं देने पर उनका अश्लील वीडियो टीवी चैनल पर चलवा कर उनकी इज्जत मिट्टी में मिलाने की धमकी दी गई थी.

आरोपी बोले, रंगदारी मांगने में पीड़िता की प्रमुख भूमिका


आईपीएस भारती ने बताया कि इस मामले में मुकदमा कोतवाली में दर्ज किया गया था. इसके बाद मौखिक अभिलेख और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य एकत्र किए गए और विवेचना की प्रगति रिपोर्ट उच्चतम न्यायालय में 23 सितंबर को प्रस्तुत की गई, जिससे न्यायालय संतुष्ट हुआ है. उन्होंने बताया कि पूर्व में गिरफ्तार संजय, विक्रम और सचिन ने रंगदारी मांगने की बात स्वीकार की थी. इसके साथ ही आरोपियों ने साक्ष्य मिटाने के इरादे से मोबाइल फोन राजस्थान के दौसा में रास्ते में फेंक दिया था. तीनों आरोपियों ने स्वीकार किया कि इस रंगदारी की मांग में ‘मिस ए’ यानी पीड़िता की प्रमुख भूमिका है.

वीडियो में पीड़िता ने चिन्मयानंद से रंगदारी मांगने की बात स्वीकार की है

मोबाइल फोन बरामद करने के लिए ही सचिन तथा विक्रम को अदालत से पुलिस हिरासत में लिया गया है. उनकी पुलिस हिरासत की अवधि 95 घंटे की है. भारती ने बताया कि उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ‘मिस ए’ पीड़िता से 24 सितंबर को उनके आवास पर पूछताछ की गई और उन्हें फॉरेन्सिक लैब द्वारा जांच के उपरांत वीडियो क्लिपिंग दिखाई गई जिसमें पीड़िता द्वारा फर्जी सिम का प्रयोग कर व्हाट्सएप के माध्यम से चिन्मयानंद से रंगदारी मांगने की बात स्वीकार की गई है.

14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजी गई पीड़ित


पुलिस अधिकारी सिंह ने बताया है कि वीडियो क्लिप में संजय, विक्रम, सचिन तथा ‘मिस ए’ साथ में थे. ऐसे में टोल टैक्स होटल में उनकी एक साथ उपस्थिति और सीडीआर के पुख्ता साक्ष्य इकट्ठे किए गए. उन्होंने बताया कि साक्ष्यों के साथ एसआईटी दोबारा पीड़िता के घर गई और उन्हें वीडियो क्लिप दिखाई गई तो पीड़िता ने अपनी और अपने साथियों की आवाज होने की पुष्टि की. एसआईटी ने पीड़िता को गिरफ्तार करके बुधवार सुबह जेल भेज दिया. अधिवक्ता ओम सिंह ने बताया कि पीड़िता को विशेष जांच दल ने एसीजेएम (अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट) विनीत कुमार की अदालत में पेश किया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया.

भू माफिया आजम खान पर अब सरारी इमारत कबजाने का आरोप

सीओ सिटी सत्यजीत गुप्ता ने बताया कि कोतवाली सिविल लाइंस का ये मामला है। इसमें पीड़ित गगन लाल ने एक मामला 4 लोगों के खिलाफ दर्ज कराया है। इसमें पूर्व सीओ आले हसन, पूर्व मंत्री आजम खान, जिला सहकारी संघ के सचिव कामिल खान, जिला सहकारी संघ के चेयरमैन मास्टर जाफर आरोपित हैं।

समाजवादी पार्टी सांसद भूमाफिया आजम खान की मुश्किलें और मुकदमें कम होने का नाम नहीं ले रहे हैं। उन पर अब तक 82 केस पहले से ही दर्ज है लेकिन अब आजम खान पर एक और मुकदमा दर्ज हो चुका है। इस बार आजम खान पर एक और सरकारी बिल्डिंग पर कब्जा करने के आरोप में उनके 3 सहयोगी समेत चार लोगों पर FIR दर्ज किया गया है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, सीओ सिटी सत्यजीत गुप्ता ने बताया कि कोतवाली सिविल लाइंस का ये मामला है। इसमें पीड़ित गगन लाल ने एक मामला 4 लोगों के खिलाफ दर्ज कराया है। इसमें पूर्व सीओ आले हसन, पूर्व मंत्री आजम खान, जिला सहकारी संघ के सचिव कामिल खान, जिला सहकारी संघ के चेयरमैन मास्टर जाफर आरोपित हैं।

रिपोर्ट्स के अनुसार यह कहा जा रहा है कि पीड़ित के मुताबिक उसके क्वालिटी बार पर सन 2013 में यह लोग लूटपाट और तोड़फोड़ किए थे। उनके मुताबिक जो उनकी जगह थी उसको पूर्व मंत्री आजम खान की पत्नी तंजीम फातिमा के नाम आवंटित कर दिया गया था। उन पर 16500 रुपए लूटने का भी आरोप है।

बता दें एक तरफ जहाँ लगातार आज़म खान पर एक के बाद एक मुकदमें दर्ज हो रहे हैं वहीं सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव आजम खान के समर्थन में दो दिवसीय दौरे पर रामपुर पहुँचे थे, लेकिन उनके समर्थन का भी कोई असर नहीं दिख रहा है। अखिलेश यादव ने आजम खान पर दर्ज हुए सभी मुकदमों की फाइल लेकर राज्यपाल से मिलने का भी भरोसा दिलाया था। इसके बावजूद भी आजम खान पर मुकदमे दर्ज होने का सिलसिला रुक नहीं रहा है। यहाँ तक कि उन पर बकरी चोरी से लेकर बिजली चोरी के मामले में भी FIR दर्ज है।

अमेठी में भारत का पहला विमानन विषविद्यालय आज से कार्यशील

उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले के फुर्सतगंज में स्थापित देश के पहले विमानन विश्वविद्यालय का उद्घाटन आज हुआ। राजीव गांधी राष्ट्रीय एविएशन विश्वविद्यालय (आरजीएनएयू) के अपना नाम नहीं बताने के इच्छुक अधिकारियों ने बताया कि विश्वविद्यालय फुर्सतगंज स्थित अपने परिसर में अगले सत्र से अपने प्रमुख पाठ्यक्रम को शुरू करने की योजना बना रहा है। आने वाले समय में प्रबंधन से जुड़े पाठ्यक्रम भी शुरू करने की योजना है।

अमेठी: केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के संसदीय क्षेत्र के फुर्सतगंज में विश्व का पांचवा और देश का पहला विमानन यूनिवर्सिटी शुरू हो गया है. यूनिवर्सिटी के पहले सत्र में देश के विभिन्न हिस्सों से आए 30 बच्चों को दाखिला मिला है और सब कुछ ठीक-ठाक रहा तो अगले सत्र में यहां सभी पाठ्यक्रमों की पढ़ाई शुरू हो जाएगी.

केंद्र की कांग्रेस सरकार के अंतिम साल 2013 में देश के पहले विमानन की स्थापना को मंजूरी मिली थी. उत्तर प्रदेश सरकार से जमीन न मिलने पर तत्कालीन सांसद राहुल गांधी की पहल पर इंदिरा गांधी उड़ान अकादमी अपनी 26.36 एकड़ भूमि 8 जुलाई 2016 को उपलब्ध कराई थी. हांलाकि निर्माण 15 महीने बाद शुरू हुआ.

इंदिरा गांधी उड़ान अकादमी फुर्सतगंज के सिल्वर जुबली कार्यक्रम के दौरान 2011 में राहुल गांधी ने यहां विमानन यूनिवर्सिटी बनाने की बात कही थी और 2013 में 13 सितंबर को शिलान्यास हुआ था.

नागर विमानन मंत्रालय के प्रशासनिक नियंत्रण में स्थापित यह केन्द्रीय विश्वविद्यालय एक स्वायत संस्था हैं जिसका लक्ष्य विमानन के क्षेत्र में अध्ययन, शिक्षा, प्रशिक्षण और अनुसंधान को बढ़ावा देना है। एयर वाइस मार्शल ‘अवकाश प्राप्त’ नलिन टंडन को विश्वविद्यालय का कुलपति नियुक्त किया गया है।

अपना नाम नहीं बताने के इच्छुक अधिकारियों ने बताया कि विश्वविद्यालय फुर्सतगंज स्थित अपने परिसर में अगले सत्र से अपने प्रमुख पाठ्यक्रम को शुरू करने की योजना बना रहा है। आने वाले समय में प्रबंधन से जुड़े पाठ्यक्रम भी शुरू करने की योजना है।

रायबरेली से काँग्रेसी विधायक ने प्रधान मंत्री मोदी की दिर्धायु और अच्छी सेहत के लिए करवाया सूर्य यज्ञ

राकेश सिंह रायबरेली से कांग्रेस के विधायक हैं. प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिन पर उन्होंने सूर्य यज्ञ का आयोजन किया. रायबरेली शहर के प्रतिष्ठित शिव मंदिर जगमोहनेश्वर धाम में पूजा अर्चना कर रहे विधायक राकेश सिंह 2017 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी से चुन कर विधानसभा पहुंचे. 2018 में विधायक के एमएलसी भाई दिनेश सिंह की निष्ठा कांग्रेस पार्टी से टूट गई और वह बीजेपी में शामिल हो गए. लेकिन राकेश सिंह कांग्रेस में बने रहे. पर उसके बाद से वह कांग्रेस के किसी भी कार्यक्रम में नजर नहीं आए. अलबत्ता वह बीजेपी के कार्यक्रमों में जरूर दिखते हैं.

लखनऊ:

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज अपना 69वां जन्मदिन मना रहे हैं. देश और दुनिया से उनको शुभकामनाएं संदेश मिल रहे हैं. बीजेपी इस अवसर को सेवा सप्ताह के तौर पर मना रही है. बीजेपी के कार्यकर्ता और नेता पीएम मोदी के जन्मदिन को लेकर इतना उत्साहित हैं कि रात 12 बजे से ही केक काटकर नाच-गा कर जन्मदिन मना रहे हैं. बीजेपी के कार्यकर्ता कहीं यज्ञ हवन कर रहे हैं तो कहीं मिठाई बांटकर देश के प्रधानमंत्री का जन्मदिन मना रहे हैं, लेकिन विपक्षी खेमे से कोई प्रधानमंत्री के जन्मदिन को लेकर उत्साहित है, यह यकीन करना मुश्किल है लेकिन ये सच है.

जो कांग्रेस प्रधानमंत्री मोदी को हर मोर्चे पर घेरने की कोशिश करती है, हर फैसले का विरोध करती है उसी कांग्रेस पार्टी के एक विधायक  प्रधानमंत्री के जन्मदिन के अवसर पर यज्ञ का आयोजन करा रहा है. यह विधायक कोई और नहीं, बल्कि पार्टी की अध्यक्ष सोनिया गांधी के संसदीय क्षेत्र रायबरेली से हरचंदपुर विधायक राकेश सिंह हैं. उन्होंने इस अवसर पर यज्ञ का आयोजन कराया है.

राकेश सिंह प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर सूर्य यज्ञ करवा रहे हैं और बकायदा इसके लिए उन्होंने पोस्टर भी लगवाए हैं. यह पोस्टर अभी सुर्खियों में है. चारों तरफ इसकी चर्चा हो रही है. जानकारी के मुताबिक, यज्ञ का आयोजन शहर के जगमोहनेश्वर शिव मंदिर में आयोजित किया गया है. शुरू में पता चला कि कांग्रेस पार्टी ने अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए विधायक राकेश सिंह को पार्टी से निष्कासित कर दिया. लेकिन, बाद में इस खबर की पुष्टि नहीं की गई. वर्तमान में उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, वे फिलहाल कांग्रेस में ही हैं. हालांकि, उन्हें तलब किया गया है.

अखिलेश की रामपुर कूच में कॉंग्रेस को दंगों की साजिश नज़र आई

 समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के सोमवार को रामपुर कूच करने के कार्यक्रम को लेकर कांग्रेस बेहद खौफजदा है। मुकदमों से घिरे रामपुर से समाजवादी पार्टी के सांसद मोहम्मद आजम खां के बचाव में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के रामपुर आने के दौरान आसपास के जिलों से भी कार्यकर्ताओं को जुटाया जा रहा है। जिससे कांग्रेस को रामपुर में दंगा होने की संभावना लग रही है।

रामपुर: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव कल यानि सोमवार (9 सितंबर) को सपा सांसद आजम खान का समर्थन करने के लिए रामपुर जाएंगे. अखिलेश के साथ काफी बड़ी संख्या में सपा कार्यकर्ताओं के रामपुर पहुंचने की उम्मीद है. इसी के मद्देनजर रामपुर के जिलाधिकारी ने उत्तर प्रदेश सरकार को एक पत्र लिखा है. पत्र में मांग की गई है कि रामपुर में अखिलेश यादव के दौरे पर रोक लगाई जाए.

गौरतलब है कि रामपुर में आजम खान के भूमाफिया घोषित होने के बाद सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव उनके समर्थन में खुलकर सामने आए थे. मुलायम सिंह यादव ने इस मामले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम योगी आदित्याथ से भी बात करने की बात कही थी. इसके बाद अब अखिलेश यादव ने मोर्चा संभालने का निर्णय लिया है. भूमाफिया आजम खान के समर्थन में समाजवादी पार्टी सोमवार को सड़कों पर उतरेगी.

वहीं, रामपुर के जिलाधिकारी ने प्रदेश की योगी सरकार को लिखे पत्र में कहा है कि अखिलेश यादव के रामपुर दौरे पर रोक लगाई जाए. रामपुर के डीएम ने मुहर्रम के त्योहार के चलते अखिलेश के दौरे पर सरकार से बैन लगाने की मांग की है. उन्होंने कहा कि मुहर्रम को लेकर की गई सुरक्षा व्यवस्था अखिलेश यादव के आने से बिगड़ सकती है. उन्होंने कहा कि इस दौरान अखिलेश यादव को सुरक्षा देना एक बड़ी समस्या होगी, क्योंकि पुलिसबल मुहर्रम के त्योहार में सुरक्षा व्यवस्था देखेगा.

वहीं, डीएम ने यह भी कहा कि अखिलेश यादव ने अपने रामपुर दौरे की जानकारी नहीं दी है. बता दें कि 10 सितंबर को मुहर्रम के चलते धारा 144 लागू है और किसी भी प्रकार के धरना-प्रदर्शन की अनुमति नहीं है. वहीं, सूत्रों का कहना है कि अखिलेश यादव 11 सितंबर को भी रामपुर में रुक सकते हैं.