हिंदी दिवस पर हिंदी गौरव सम्मान से सम्मानित हुए शिक्षक

सतीश बंसल  सिरसा:

राजकीय हिंदी अध्यापक संघ-0069 द्वारा श्री युवक साहित्य सदन के सभागार में हिंदी दिवस मनाया गया। इस अवसर पर सेवानिवृत्त हिंदी शिक्षकों एवं साहित्यिकारों को हिंदी गौरव सम्मान से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में मौलिक शिक्षा अधिकारी आत्मप्रकाश मेहरा बतौर मुख्यातिथि पहुंचे, जबकि भारत विकास परिषद के अध्यक्ष सुरेेंद्र बंसल, आर्य समाज के प्रधान अशोक वर्मा, जिला प्रवक्ता सलाह शालू भारद्वाज प्राध्यापिका, सेवानिवृत्त प्राचार्य डॉ. वेदपाल आर्य ने विशिष्ट अतिथि के रूप में शिरकत की।

कार्यक्रम अध्यक्ष की जिम्मेदारी जयप्रकाश हिंदी शिक्षक ने, जबकि संयोजक की जिम्मेदारी संदीप सैनी ने संभाली। मुख्य वक्ता डॉ राजकुमार निजात रहे । मंच संचालन मदन वर्मा और संदीप सैनी ने संयुक्त रूप से किया। मुख्यातिथि आत्मप्रकाश मेहरा ने हिंदी के गौरवशाली इतिहास एवं वर्तमान समय में हिंदी की महत्त्वता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि अंधानुकरण करने की बजाय हमारी मूल संस्कृति और भाषा की महत्ता को समझना होगा और अपने व्यवहार में हिंदी का प्रयोग सम्मान के साथ  करना होगा तभी हम हिंदी को उसका वास्तविक स्थान दिलाने में सफल होंगे।

विशिष्ट अतिथियों ने अपने अपने संबोधन में हिंदी के गौरवशाली इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति के प्रचार प्रसार एवं संवर्धन में हिंदी का योगदान उल्लेखनीय है। अपने अध्यक्षीय भाषण में जयप्रकाश ने बताया कि हिंदी सेवियों के सम्मान में कोई भी कार्यक्रम लंबे अरसे से नहीं किया था, इसलिए राजकीय हिंदी अध्यापक संघ ने इस कार्यक्रम की परिकल्पना की गई और प्रतिवर्ष हिंदी ‌सेवियों के सम्मान के साथ हिंदी दिवस मनाया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान शिक्षकों ने हिंदी और हिंदी शिक्षकों के साथ हो रहे अन्याय और सौतेले व्यवहार पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि वर्तमान समय में सभी माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में हिंदी के ‌पद‌ समाप्त कर दिए गए हैं। 2016 से पदोन्नति ‌के‌ मामले लटके हुए हैं। नीलम रानी बनाम राज्य मामले में वेतनमान 18460/- के अनुसार  सिर्फ सिरसा जिला के ‌हिंदी अध्यापकों को छोड़कर पूरे प्रदेश भर के हिंदी अध्यापकों व समान वेतनमान और ग्रेड वाले गणित, सामाजिक, विज्ञान आदि अध्यापकों को 18460/- का लाभ मिल चुका है।

कार्यक्रम में राजेन्द्र गुप्ता, बलबीर चंद, सुभाष चंद्र, सुनीता मेहता, सरला देवी, परमजीत कौर, साहित्यकार डॉ. राजकुमार निजात व डॉ. ज्ञानप्रकाश पीयूष को  हिंदी गौरव सम्मान से सम्मानित किया गया।

इस मौके पर जिलाध्यक्ष सत्यनारायण, मनजिंद्र कौर, सरोज देवी, सुनीता सैनी,महेंद्र सिंह, सुमेर सिंह, रामजी लाल, फलकू राम,दर्शन कुमार, महेंद्र कुमार, राजेश कुमार, ओमप्रकाश, प्रहलाद राम, सोहनलाल, जोतराम, किरण कांत शर्मा, युवराज, जसवंत सिंह, सुरेश कुमार पतली डाबर सहित अन्य शिक्षक गण उपस्थित रहे।

दसवीं के सचिन का मॉडल रहा प्रथम, रूपावास स्कूल में विद्यालय स्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी आयोजित


सतीश बंसल, सिरसा:
 

राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय रुपावास में आजादी की 75वीं वर्षगांठ पर आजादी का अमृत महोत्सव कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यालय स्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी का आयोजन किया गया, जिसमें कक्षा 6 से 10वीं तक के विद्यार्थियों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया। विद्यार्थियों ने विज्ञान और गणित विषय पर आधारित विभिन्न मॉडल प्रस्तुत किए तथा उनके वैज्ञानिक तथ्यों के बारे में अवगत करवाया। विज्ञान प्रदर्शनी के आयोजनकर्ता डा. कृष्ण कुमार ढाका प्रवक्ता रसायन विज्ञान ने बताया कि विज्ञान पर आधारित इस प्रकार की गतिविधियों से विद्यार्थियों में विज्ञान विषय के प्रति रुचि पैदा  होती है। विषय को समझने में मदद मिलती हैं तथा वैज्ञानिक तथ्यों को जानने की जिज्ञासा उत्पन्न होती है। डा. धर्मवीर भाटिया प्रवक्ता भौतिक विज्ञान, सीताराम शर्मा प्रवक्ता जीव विज्ञान, परवीन मंडल व सुरजीत सिंह प्रवक्ता गणित ने विज्ञान प्रदर्शनी का अवलोकन किया व निर्णायक मंडल की भूमिका निभाई। इस अवसर पर ब्लॉक ऑफिस नाथूसरी चोपटा से बी आर पी शंकर शर्मा व हनुमान सिंह विज्ञान प्रदर्शनी का अवलोकन करने स्कूल पहुंचे व विद्यार्थियों को विज्ञान विषय बारे प्रोत्साहित किया। प्रदर्शनी में सचिन कक्षा दसवीं का मॉडल प्रथम स्थान पर, कुणाल व प्रतिक कक्षा दसवीं द्वितीय स्थान पर तथा अंतिम, दीपिका, दिव्या, अदिति कक्षा 9वीं व काजल कक्षा दसवीं का मॉडल तृतीय स्थान पर रहा। विद्यालय के कार्यकारी प्रिंसिपल प्रताप सिंह ढुकिया ने विजेता बच्चों को पुरस्कार देकर समानित किया। इस अवसर पर विद्यालय के प्रवक्ता सतबीर सिंह, संतलाल वर्मा, पंकज शर्मा, पूजा देवी, शारदा देवी, योगेश कुमार, मिडिल हेड सोम प्रकाश, अध्यापक राधेश्याम, नीरज, भूप सिंह, विकास शर्मा, सतीश गर्ग, बलवंत सिंह व अन्य स्टाफ  सदस्य मौजूद रहे व विज्ञान प्रदर्शनी के सफल संचालन में अपना प्रमुख योगदान दिया।

अतिथि अध्यापकों की मांग नहीं मानी तो मजबूरन अतिथि अध्यापकों को कड़ा फैसला लेना पड़ेगा – अतिथि अध्यापक

गेस्ट टीचर ने बिजली मंत्री मुर्दाबाद व खट्टर सरकार मुर्दाबाद के नारे लगाए

सतीश बंसल,  सिरसा :

आज  जिला सिरसा के अतिथि अध्यापकों की एक आवश्यक मीटिंग शहर के टाउन पार्क में हुई । खून से लिखकर महीला शिक्षको ने विधायकों को ज्ञापन दिए ।आज कालानवाली के विधायक शीशपाल केहरवाला ने खुद टॉक पार्क में आकर गेस्ट टीचर का ज्ञापन लिया, डबवाली के विधायक अमित सिहाग को ज्ञापन दिया, बिजली मंत्री रणजीत सिंह के निवास पर जब ज्ञापन देने गए, तो वहां गेस्ट टीचर का कोई ज्ञापन लेने नही, बदसलूकी की गई, गेस्ट टीचर ने बिजली मंत्री मुर्दाबाद व खट्टर सरकार मुर्दाबाद के नारे लगाए, तब गेस्ट टीचर का बिजली मंत्री के पी ए ने ज्ञापन लेने आए, उसके बाद गेस्ट टीचर ने सिरसा के विधायक गोपाल कांडा के भाई गोविंद कांडा को ज्ञापन दिया। जिला प्रधान सुभाष खटाना ने 5 सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर शिक्षा मंत्री आवास पर होने वाली महा आक्रोश रैली के लिए सभी साथियों को ज्यादा से ज्यादा संख्या में पहुंचने का आह्वान किया । हिसार मंडल प्रधान हरदीप गिल ने वर्तमान में अतिथि अध्यापकों के सामने खड़ी सबसे बड़ी समस्या ट्रांसफर ड्राइव में अतिथि अध्यापकों के पद को रिक्त मानने पर सरकार के  व्यवहार की आलोचना की गई ।16 वर्ष की सेवाओं के बाद भी अतिथि शिक्षकों के साथ सरकार सौतेला व्यवहार कर रही है । सरकार की दमनकारी नीति के विरुद्ध साथियों से आवाहन किया  गया की हरियाणा सरकार ने जो अतिथि शिक्षक सेवा सुरक्षा अधिनियम 2019 पारित किया था उस गेस्ट टीचर एक्ट की स्कूल मुखिया ही धज्जियां रहे हैं । आज कोविड काल के इस संकट की घड़ी में शिक्षक क्रोना जोधा के रूप में अग्रिम पंक्ति में खड़े होकर लड़ाई लड़ रहे हैं । हमारे लगभग 570 गेस्ट साथी करोना व अन्य बीमारियों से गुजर चुके हैं । लेकिन सरकार की तरफ से कोई भी मेडिकल सुविधा उपलब्ध नहीं है । इसी कड़ी में आज 17/08/21 को पूरे हरियाणा में विधायक मंत्रियों को मुख्यमंत्री के नाम महिलाओं द्धारा खून से लिखे ज्ञापन सौंपकर मांग की गई कि सरकार अपने चुनावी वायदे के अनुसार अतिथि अध्यापकों को नियमित करें व अतिथि अध्यापकों के पदों को खाली मानने के  तानाशाही फरमान को वापस ले । अतिथि शिक्षकों को नियमित शिक्षकों की तरह ही ट्रांसफर ड्राईव में शामिल किया जाए । यदि सरकार ने 5 सितंबर 2021 तक अतिथि अध्यापकों की मांग नहीं मानी तो मजबूरन अतिथि अध्यापकों को कड़ा फैसला लेना पड़ेगा । अगर इस आंदोलन में कोई अनहोनी होती है तो इस इस अनहोनी की जिम्मेदार पूरी खट्टर सरकार होगी । इस अवसर पर राधा कृष्ण, देवेंद्र सिंह, हरदीप गिल, सुभाष खटाना, गुरप्रीत, यशपाल, सुनिता, वंदना, सीमा गिल, सुनील, राजपाल, रमेश गिरी, हंस राज, कमलेश, बलवंत, रमन गेस्ट टीचर उपस्थित रहे ।

सी.एम.के. महाविद्यालय में मनाया गया आजादी का अमृत महोत्सव

सतीश बंसल, सिरसा 16 अगस्त :

आजादी के 75 वर्ष पूरे होने पर आज़ादी अमृत महोत्सव मनाने के लिए माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी द्वारा 15 अगस्त 2021 को 10 बजे पूरे देश के रेड रिबन क्लबों एवं स्कूलों के बच्चों से ऑनलाइन वार्तालाप किया गया जिसमें सी.एम.के. महाविद्यालय के रेड रिबन क्लब व रेड रिबन क्लब सिरसा के संयुक्त तत्वाधान में छात्राओं ने वर्चुअल माध्यम से ज्वांइन करके बढ़-चढ़कर अपनी भागीदारी सुनिश्चित की तथा आजादी के 75वें महोत्सव में अपनी सहभागिता दर्ज कराई। छात्राओं ने पोस्टर व बैनर पर कॉलेज का नाम तथा रेड रिबन क्लब सिरसा का नाम लिखकर लिंक को ज्वांइन किया। इस महोत्सव के तहत विभिन्न कार्यक्रम भी आयोजित किए गए जिसमें छात्राओं ने पूरे जोश व उत्साह से भाग लिया।कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए महाविद्यालय की कार्यवाहक प्राचार्या डॉ॰ श्रीमती नीना चुघ ने कहा कि स्वतंत्रता की 75वीं वर्षगांठ को आजादी के अमृत महोत्सव के रूप में मनाने की माननीय प्रधानमंत्री जी की एक अनूठी पहल है जिसमें सभी देशवासियों के साथ-साथ समस्त कॉलेज परिवार ने भी वर्चुअली ज्वाइंन करके हर्षोल्लास से अपनी भागीदारी की है। कार्यक्रम का संयोजन डॉ॰ मन्जू देवी व सह-संयोजन डॉ॰ कामना कौशिक ने करते हुए कहा कि महाविद्यालय परिवार में अमृत महोत्सव उत्साहवर्धक रूप से मनाया गया तथा सभी में देश-भक्ति की भावना का नूतन संचार हो गया।

स्वतंत्रता दिवस समारोह की तैयारियों को लेकर रिहर्सल आयोजित, स्कूली बच्चों ने दी रंगारंग प्रस्तुतियां

सिरसा, 09 अगस्त।
स्वतंत्रता दिवस समारोह को भव्य व आकर्षक बनाने के उद्देश्य से आज स्थानीय विवेकानंद वरिष्ठï माध्यमिक विद्यालय के ऑडिटोरियम में सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए टीमों के चयन के लिए रिहर्सल की गई। इस अवसर पर जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी आत्म प्रकाश, सहायक परियोजना अधिकारी श्रीमती शशि सचदेवा, प्रिंसिपल प्रेम कंबोज, पीजीटी म्यूजिक गुरप्रीत, नवप्रीत व विक्रम की उपस्थिति में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की रिहर्सल करवाई गई। इस अवसर पर विभिन्न स्कूलों के विद्यार्थियों ने रंगारंग प्रस्तुतियां दी।
इस अवसर पर राजकीय वरिष्ठï माध्यमिक विद्यालय नेजाडेला कलां के बच्चों ने एक्शन सांग ‘ए मेरे वतन के लोगोंÓ की प्रस्तुति दी। इसके अलावा डीएवी स्कूल सिरसा के बच्चों ने राजस्थानी डांस ‘घूमर रामा पीÓ, प्रयास स्कूल, दिशा स्कूल, श्रवण वाणी दिव्यांग विद्यालय के बच्चों ने एक्शन सांग ‘ए वतनÓ, द सिरसा स्कूल सिरसा के बच्चों ने एक्शन सांग ‘सूनो गौर से दुनिया वालोंÓ, राजकीय कन्या वरिष्ठï माध्यमिक विद्यालय सिरसा के बच्चों ने गिद्धा ‘नचा नचा नचाÓ, शाह सतनाम जी कन्या वरिष्ठï माध्यमिक विद्यालय सिरसा के बच्चों ने हरियाणवी डांस ‘मेरे वतन तेरी के बात करूंÓ, सैंट जेवियर वरिष्ठï माध्यमिक विद्यालय सिरसा के बच्चों ने कोरियोग्राफी ‘कोरोना के उपरांत पूर्नाेदयÓ, शाह सतनाम जी कन्या वरिष्ठï माध्यमिक विद्यालय सिरसा के बच्चों ने भंगड़ा ‘लूटया सी मेरा असी लूट चल्याÓ, न्यू सतलुज वरिष्ठï माध्यमिक विद्यालय सिरसा के बच्चों ने राष्टï्रीय गान ‘जन गण मनÓ की प्रस्तुति दी।

सिरसा 9 अगस्त फोटो 11

शहीदों के नाम पर होंगे केंद्र शासित प्रदेश जम्मू और काश्मीर के सरकारी विद्यालयों के नाम

केंद्र सरकार ने शुक्रवार को जहां राजीव गांधी खेल रत्न को मेजर ध्यानचंद खेल रत्न कर दिया है तो वहीं जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने एक बड़ा फैसला लिया है। जम्मू-कश्मीर प्रशासन की ओर से एक आदेश जारी किया गया है। जिसमें ऐतिहासिक पहल करते हुए केंद्र शासित प्रदेश के स्कूलों का नाम अब शहीद सेना, सीआरपीएफ और पुलिस के जवान के नाम पर किया जाएगा।

  • शुक्रवार को दो बड़े फैसले लिए गए
  • राजीव गांधी खेल रत्न नाम बदने के बाद जम्मू कश्मीर में बड़ा फैसला लिया गया
  • जम्मू संभाग में स्कूलों को अंतिम रूप देने के लिए पत्र भी जारी कर दिया गया है

जम्मू कश्मीर(ब्यूरो) :

राज्य से अनुच्छेद 370 हटाने के बाद जम्मू-कश्मीर सरकार एक के बाद एक कदम उठा रही है। इसी क्रम में जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने एक ऐतिहासिक पहल करते हुए केंद्र शासित प्रदेश के स्कूलों का नाम सेना, पुलिस और सीआरपीएफ के शहीद जवानों के नाम पर रखने का फैसला किया है। रिपोर्ट के मुताबिक, इस संबंध में प्रशासनिक पत्र जारी किया गया है, जिसमें वीरगति प्राप्त करने वाले जवानों के नाम पर रखे जा सकने वाले सरकारी स्कूलों की सूची को अंतिम रूप देने के लिए जिला स्तर पर एक समिति गठित करने की बात कही गई है।

इसके बाद सत्यापन किया जाएगा और विवरण तैयार किया जाएगा। आधिकारिक नोटिस के अनुसार, जिला स्तर पर सूची को अंतिम रूप देने के लिए समिति में एसएसपी, एडीसी, डीपीओ या एसी पंचायत और सेना के प्रतिनिधियों को शामिल किया जा सकता है।

इसके अलावा सभी उपायुक्तों को इस सूची को 5 अगस्त 2021 तक जम्मू संभागीय आयुक्त कार्यालय को भेजने के लिए कहा गया था। सूत्रों के अनुसार, कुछ जिलों ने पहले ही उन स्कूलों की सूची जमा कर दिए हैं, जिनका नाम देश की रक्षा में अपने प्राणों को बलि देने वाले बलिदानियों को नाम पर रखे जाने हैं।

इस मामले में सरकारी अधिसूचना पिछले सप्ताह जारी की गई थी। इसमें जम्मू, कठुआ, डोडा, पुंछ, रामबन, सांबा, किश्तवाड़, राजौरी, उधमपुर और रियासी के उपायुक्तों को अपने-अपने जिलों के गाँवों/नगरपालिका वार्डों में सरकारी स्कूलों की पहचान करने का निर्देश दिया गया था। इस साल (2021) के शुरुआत में पंजाब सरकार ने भी 17 सरकारी स्कूलों का नाम स्वतंत्रता सेनानियों के नाम पर रखा था। जम्मू-कश्मीर के पूर्व डिप्टी सीएम कविंदर गुप्ता ने प्रशासन के इस फैसले का स्वागत किया है।

राज्य सरकार के इस फैसले को लेकर वरिष्ठ पत्रकार आदित्य राज कौल ने ट्वीट कर इस घोषणा के पूर्ण होने की उम्मीद जताई। उन्होंने लिखा कि कुछ साल पहले कश्मीर में सड़कों का नाम शहीदों के नाम पर रखने का एलान हुआ था, लेकिन अभी तक उसका इंतजार किया जा रहा है।

जैनेंद्र गुरुकुल”संस्था पंचकूला की नई कार्यकारणी का हुआ गठन

हम तीन सालों में 30 साल के बराबर कार्य करने के इच्छुक हैं-मुकेश जैन प्रधान।

‘purnoor koral, ‘पंचकूला,06 अगस्त:

“जैनेन्द्र पब्लिक स्कूल के ‘आत्म ऑडिटोरियम”में “जैनेंद्र गुरुकुल” संस्था ने शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया है।जुलाई 20,2021 को संस्था का चुनाव संपन्न किया गया था। इसमें 21 मैनेजिंग कमेटी के सदस्य चुने गए। मैनेजिंग कमेटी ने नई कार्यकारिणी का चुनाव सर्वसम्मति से किया।जिनके नाम नीचे दिए गए हैं-

  1. मुकेश जैन, प्रधान
  2. संजीव जैन, उप प्रधान
  3. तरुण जैन, महासचिव
  4. विशाल जैन, संयुक्त सचिव
  5. विनय कुमार जैन, कोषाध्यक्ष

इसके पश्चात नव निर्वाचित सदस्यों ने शपथ ग्रहण की कार्यकारिणी के प्रधान व महासचिव ने प्रेस साक्षात्कार में बताया कि जैनेंद्र गुरुकुल संस्था ने भारत आजाद होने से पहले ही महाराज धनीराम जी के अथक परिश्रम व लगन के चलते हमारी पुरातन सनातन संस्कृति के सिद्धांत गुरुकुल प्रथा का अनुसरण करते हुए इस शैक्षणिक संस्थान की नींव रखी थी। जैनेंद्र गुरुकुल व जैनेंद्र पब्लिक स्कूल से शुरुआत करते हुए आज पूरे भारतवर्ष में 4 शैक्षणिक संस्थान इस संस्था के अंतर्गत चल रहे हैं। आगे की प्राथमिकताओं के बारे पूछने पर प्रधान मुकेश जैन व महासचिव तरुण जैन ने बताया कि आने वाले वक्त में मेडिकल कॉलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज, मैनेजमेंट कॉलेज, सूचना एवं प्रसारण टेक्नोलॉजी के संस्थान भावी पीढ़ियों की जरूरतों को समझते हुए बनाए जाएंगे। इसमें सरकार व जनता के सहयोग की जरूरत रहेगी। समाज के गरीब तबके के बच्चों की शिक्षा बारे में उन्होंने बताया कि हमारे स्कूलों में हिंदी व अंग्रेजी मीडियम दोनों दोनों में ही शिक्षा दी जाती है गरीब बच्चों की शिक्षा के लिए सरकार ने पहले से ही चैरिटी का प्रावधान किया हुआ है।इसके लिए हम सरकार के आभारी हैं। आगे उन्होंने बताया कि शैक्षणिक संस्थाओं के साथ-साथ हम अस्पताल,सामाजिक, स्वास्थ्य व स्पोर्ट्स सेवाओं की जरूरतों को ध्यान रखते हुए इन पर काम करेंगे। हमारी कमेटी का कार्यकाल 3 साल का है। हम इन 3 सालों में 30 साल के बराबर कार्य करने के इच्छुक हैं और यही हमारा प्रण है।

बहाली की मांग को लेकर बर्खासित पीटीआई का संघर्ष जारी

सतीश बंसल, सिरसा   :

अपनी बहाली की मांग को लेकर बर्खासित पीटीआई का संघर्ष लगातार जारी है और आज उन्हें धरने पर बैठे हुए 414  दिन हो गए  है पर सरकार इस मामले में अभी तक मूक दर्शक  बनी हुई है , प्रदेश के मुख्यामंत्री  कई वार आश्वासन दे चुके है पर अभी तक बर्खासित पीटीआई   की बहाली नहीं हो सकी I हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने 6 अक्टूबर  2020  को पीटीआई के साथ बैठक करके   वायदा किया था कि मैं  पीटीआई अधयापकों के चुल्हे ठन्डे नहीं होने दूंगा पर आज 9 महीने बीत चुके है ,मुख्यमंत्री ने जो वायदा किया था ,उस वायदे को वह भूल गए हैं I उन्होंने चेतावनी दी  कि  अगर सरकार 4 अगस्त को हाईकोर्ट में पीटीआई मामले की अच्छे ढंग से पैरवी नहीं करती तो  संघर्ष को दुबारा तेज किया जायेगा  जिसके लिए हरियाणा  सरकार जिम्मेवार होगी I

   यह बात आज लघु सचिवालय में अपनी बहाली की मांग को लेकर पिछले 414  दिनों से धरने पर बैठे  बर्खासित पीटीआई को सम्बोधित करते हुए हरियाणा शारीरिक शिक्षक संघ के जिला प्रधान कुलवंत सिंह खीवा ने कही I आज के धरने की अगुवाई सर्व कर्मचारी संघ  के जिला प्रधान   मदन लाल खोथ ने की I  इस मौके पर मदन लाल खोथ ने कहा कि सरकार कि मंशा अब साफ हो जाएगी  और हम पीटीआई के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलेंगे , जहाँ पीटीआई का पसीना गिरेगा वहां  हमारा खून गिरेगा I उन्होंने कहा कि  भाजपा सरकार लोगों को बड़े बड़े  सपने दिखाकर अपने जाल में फंसाकर  सत्ता में आई और अपने तानाशाही रवैये अपनाकर लोगों का जीना मुहाल कर रही है I  इस मौके  पर विनोद  बंटी , भरत भूषण  ,जगदीश  , रमेश कुमार   ,जगसोहन सिंह,    सुरेन्दर , जीवन , रवि नैन   , महेन्दर कुमार , रविराज  , रोहित लिम्बा  , उषा रानी, सुमन , बलजिंदर  कौर , संतोष , सरिता , राजेश , राधिका    आदि  उपस्थित रहे  I

गुरू पूर्णिमा व्यास पूजा पर्व

भारतीय संस्‍कृति में गुरु का बहुत महत्‍व है और आषाढ़ महीने की पूर्णिमा को गुरु के लिए ही समर्पित किया गया है। इस पूर्णिमा को गुरु पूर्णिमा कहते हैं। इस दिन गुरुओं की पूजा-सम्‍मान किया जाता है और उनका आशीर्वाद लिया जाता है। दुनिया में मां के बाद गुरु को ही सबसे ऊंचा स्‍थान दिया गया है। इस बार 23 जुलाई को गुरु पूर्णिमा का पर्व मनाया जाएगा। महाभारत के रचयिता महर्षि व्‍यास का जन्‍म भी आषाढ़ महीने की पूर्णिमा के दिन ही हुआ था इसलिए इसे व्‍यास पूर्णिमा भी कहते हैं। महर्षि वेद व्‍यास ने ही मानव जाति को वेदों का ज्ञान दिया है और उन्‍हें आदिगुरु माना जाता है। 

धर्म/संस्कृति डेस्क, चंडीगढ़:

हिन्दू धर्म में गुरु पूर्णिमा का विशेष दिन माना जाता है। देश भर में 24 जुलाई 2021 दिन शनिवार को आषाढ़-गुरु पूर्णिमा मनाई जाएगी। इस दिन अगर आप गंगा स्नान के बाद दान पूण्य का कार्य करते हैं तो यह आपके जीवन में शुभ फलदायी माना जाता है। इस तिथि को लेकर ऐसा माना जाता है कि इसी दिन आषाढ़ पूर्णिमा पर ही वेदों के रचयिता महर्षि वेदव्यास जी का जन्म हुआ था। इन के जन्म दिन के उपलक्ष्य पर ही सदियों से गुरु पूर्णिमा के दिन गुरु पूजन की परंपरा चली आ रही है। इस वजह से इस दिन को व्यास पूर्णिमा के नाम से भी जाना जाता है।

Guru Purnima 2021: हिन्दू धर्म में गुरु पूर्णिमा का विशेष दिन माना जाता है। देश भर में 24 जुलाई 2021 दिन शनिवार को आषाढ़-गुरु पूर्णिमा मनाई जाएगी। इस दिन अगर आप गंगा स्नान के बाद दान पूण्य का कार्य करते हैं तो यह आपके जीवन में शुभ फलदायी माना जाता है। इस तिथि को लेकर ऐसा माना जाता है कि इसी दिन आषाढ़ पूर्णिमा पर ही वेदों के रचयिता महर्षि वेदव्यास जी का जन्म हुआ था। इन के जन्म दिन के उपलक्ष्य पर ही सदियों से गुरु पूर्णिमा के दिन गुरु पूजन की परंपरा चली आ रही है। इस वजह से इस दिन को व्यास पूर्णिमा के नाम से भी जाना जाता है।

हिन्दू धर्म में कुल पुराणों की संख्या 18 है और इन सभी पुराणों के रचियता महर्षि वेदव्यास को ही माना जाता है। गुरु पूर्णिमा के दिन जो भी व्यक्ति विधि विधान के साथ पूजा-अर्चना करता है तो उसे शुभ फल की प्राप्ति होती है। इस खास दिन प्रीति और आयुष्मान योग में किए गए कार्यों में सफलता हासिल होती है। चलिए जानते हैं 24 जुलाई को गुरु पूर्णिमा का शुभ मुहूर्त और उस दिन पड़ने वाले योग के बारे में.

पूर्णिमा तिथि 23 जुलाई 2021 दिन शुक्रवार की सुबह 10ः43 बजे से प्रारंभ होकर 24 जुलाई 2021 दिन शनिवार की सुबह 08ः06 बजे तक रहेगी। इस तिथि पर अगर बनने वाले योग के बारे में बात करें तो इस साल गुरु पूर्णिमा पर विष्कुंभ योग बन रहा है, जो सुबह 06ः12 बजे तक रहेगा। इसके बाद 25 जुलाई की सुबह 03ः16 बजे तक प्रीति योग रहेगा और तत्पश्चात आयुष्मान योग लगेगा। ज्योतिषशास्त्र के अनुसार इस बार प्रीति योग और आयुष्मान योग का एक साथ बनना शुभ माना जा रहा है। प्रीति और आयुष्मान योग में किए गए कार्य सफल होते हैं। विष्कुंभ योग को वैदिक ज्योतिष में शुभ योगों में नहीं गिना जाता है। इसलिए यह अशुभ होता है।

गुरु पूर्णिमा पर ऐसे करें पूजा

Guru Purnima 2021: गुरु पूर्णिमा के दिन बन रहे ये खास योग, जानें शुभ मुहूर्त और तारीख
Guru Purnima 2021 सनातन धर्म में पूर्णिमा तिथि के दिन गंगा स्नान व दान बेहद शुभ फलकारी माना जाता है।

अगर आप गूरू पूर्णिमा पर विधि विधान के साथ पूजा कर लाभ अर्जित करना चाहते हैं तो इसके लिए आपके पास पान के पत्ते, पानी वाले नारियल, मोदक, कर्पूर, लौंग, इलायची होना चाहिए इनके साथ पूजन करने से मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है। ऐसी पूजा करने से सौ वाजस्नीय यज्ञ के समान फल मिलता है।

हिन्दू धर्म में पूर्णिमा का विशेष दिन माना जाता है ऐसा कहा जाता है कि अगर आप इस दिन गंगा में स्नान करते हैं तो इससे आप स्वस्थ्य और आयुवर्द्धक होते हैं। त्वचा रोग और दमा में बहुत लाभ मिलता है। इसलिए ऐसे मौके का लाभ उठाएं। इसके अलावा अगर कोविड-19 का संक्रमण देखें तो आप इसका लाभ घर में भी उठा सकते हैं। इसके लिए आप अपने नहाने युक्त जल में थोड़ा सा गंगा जल मिला लें। यह भी उतना ही फलदायी है जितना की गंगा जी में स्नान करना।

याज्ञवल्य ऋषि के वरदान से वृक्षराज को जीवनदान मिला था। इसलिए गुरु पूर्णिमा पर बरगद की भी पूजा की जाती है। इसके अलावा अगर आप गुरु पूर्णिमा की रात खीर बनाकर दान करते हैं तो इससे मानसिक शांति मिलती है। चंद्र ग्रह का प्रभाव भी दूर होकर लाभप्रद होता है।

16 July से स्कूल खोलने पर पुनर्विचार करे सरकार : चंद्रमोहन

पंचकूला 14 जुलाई:

हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री चंद्रमोहन ने हरियाणा सरकार के 16 जुलाई से स्कूल खोलने के निर्णय पर पुनर्विचार करने की मांग की है ताकि देश के उज्जवल भविष्य विधार्थियों के अमूल्य जीवन को बचाया जा सके।

     ‌                         ‌       चन्द्र मोहन ने कहा कि कोरोना की पहली और दूसरी लहर का प्रकोप अभी पूरी तरह से समाप्त नहीं हुआ है। इसके साथ ही देश के प्रबुद्ध वैज्ञानिकों, डॉक्टरों और विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भी कोरोना की तीसरी लहर की आंशका व्यक्त की है। इंग्लैंड में तीसरी लहर पहले ही आ चुकी है।  उनका मानना है कि तीसरी लहर बच्चों के लिए विशेष रूप से घातक सिद्ध हो सकती है।  इस आशंका को ध्यान में रखते हुए ही सरकार को इस प्रकार का खतरा मोल लेने की प्रवृत्ति से बचना चाहिए।  

     ‌                                उन्होंने शिक्षा मंत्री कंवर पाल गुज्जर से अनुरोध किया है कि बच्चों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए ही इस फैसले पर पुनर्विचार किया जाएl उन्होंने कहा कि वह स्कूल खुलने के विरोधी नहीं हैं अपितु चिंता उन नौनिहाल बच्चों की है, जिन्होंने अभी अपने जीवन की शुरुआत करनी है। उन्होंने कहा कि कोरोना की  विभीषिका ने किस प्रकार से हरियाणा प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं की पोल खोल कर रख दी गई,उसकी स्मृतियां अभी लोगों के दिमाग से ओझल नहीं हुई है।

           ‌                         चन्द्र मोहन ने शिक्षा मंत्री को सुझाव दिया कि वह स्कूल खोलने की बजाय बच्चों को शत् प्रतिशत  टीका लगाने की व्यवस्था करने पर जोर दे ताकि बच्चों का जीवन सुरक्षित हो सके। इस लिए उनका सुझाव है कि इन होनहार बच्चों के भविष्य को सुखद और सुरक्षित बनाने के लिए सम्पूर्ण टीकाकरण के बाद ही स्कूल खोलने का निर्णय ले। यह ही प्रदेश और बच्चों के भविष्य के लिए लाभकारी सिद्ध होगा।

         ‌                              प्रदेश में कोविड रोधी टीकाकरण अभियान का उल्लेख करते हुए उन्होंने स्वास्थ्य मंत्री श्री अनिल विज को याद दिलाया कि उन्होंने जुलाई में 25 लाख टीके लगाए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया था, परसों सोमवार को 45000 लोगों को टीका लग पाया और यही गति रही तो जुलाई में केवल मात्र 10 से 11 लाख लोगों को ही वैक्सीन लग पाएगी। कोरोना की पहली और दूसरी डोज  लगभग 18 लाख से अधिक लोगों को लगी है , इससे सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि 16 जनवरी से शुरू हुए इस  टीकाकरण अभियान के अन्तर्गत 6 महीने के दौरान  1 करोड़ 56 हजार लोगों को टीका लग चुका है।  लगभग 2 करोड़ 50  लाख की आबादी वाले प्रदेश में अब तक 18 लाख 33 हजार लोगों को ही दोनों डोज लग पाई है। 8 जुलाई को हरियाणा सरकार को 1 लाख 50 हजार टीके केन्द्र सरकार से उपलब्ध हुए हैं इससे भी अधिक दिन काम नहीं चलेगा। इसकी गति और अधिक तेज किए जाने की जरूरत है ताकि इस बीमारी का मुकाबला दक्षता के साथ किया जा सके।

               ‌                     चन्द्र मोहन ने सुझाव दिया कि  शिक्षा मंत्री और स्वास्थ्य मंत्री को आपसी तादात्म्य और समन्वय बनाकर कर ही स्कूल खोलने जैसे महत्वपूर्ण निर्णय लेने चाहिेए। सभी बच्चों का अभी तक टीकाकरण पूरा नहीं हुआ है और अगर कोई अनहोनी हो गई तो इसका सारा दायित्व हरियाणा सरकार का होगा और ऐसी परिस्थिति में जबाब देही केवल मात्र सरकार की होगी।