पुलिस फाइलें, पंचकुला – 12 जनवरी

ऑनलाइन कोरोना वैक्‍सीन बेचने वालों से सावधान !

      पुलिस प्रवक्ता नें जानकारी देते हुए बतलाया साईबर टीम पचंकूला कि टीम नें कोरोना वायरस की वैक्‍सीन बारे होने वाली आनलाईल धोखाधडी से बचें । जिससे बचनें के लिऐ आपको सर्तक रहना जरुरी है नही तो आप खाते की राशि साफ कर दी जायेगी । जिसका फायदा अपराधी भी उठा सकते हैं । जिन्‍हें कोविड से खतरा ज्‍यादा है । बहुत से ऐसे लोग होंगे जो रुकना नहीं चाहते और वैक्‍सीन उपलब्‍ध होते ही लगवाना चाहते हैं । इंटरपोल के माध्यम से चेतावनी दी थी कि ऑर्गनाइज्‍ड क्रिमिनल नेटवर्क्‍स कोविड वैक्‍सीन के नाम पर धोखाधड़ी कर सकते हैं । जो वैक्सीन के सम्बन्ध में इंटरनेट पर ठगी का खेल शुरू भी हो चुका है । जो अपराधी फर्जी वेबसाइट्स और झूठे इलाज के नाम पर भी ठगी की कोशिश कर रहे है कृपा इस प्रकार के किसी भी काल या मैसेज से बचे ।

कोविड वैक्‍सीन’, ‘कोविड-19 को कहें बाय-बाय’, ‘जल्‍दी खरीदें कोरोना वैक्‍सीन आ गई है’ जैसे संदेशों की भरमार सें बचे । इस प्रकार के मैसेज भेज कर आपको शिकार बनातें है ।

इनका शिकार होने से बच सकते हैं । नकली वैक्‍सीन बेचने वाले ये लोग दावा करते हैं वॉट्सऐप और टेलिग्रैम के जरिए भी यूजर्स को निशाना बनाया जा रहा है । ईमेल के जरिए भी वैक्‍सीन बेचने के मैसेज किए जा रहे हैं । कोरोना के खौफ के बीच की जालसाजियों ने वैक्सीन को अपनी कमाई का जरिया बना लिया है । ऑनलाइन बुकिंग के नाम पर रुपये वसूले जा रहे हैं । ऑफिस खाते की डिटेल लेने के बाद पूरा खाता ही साफ कर दिया जाता है

बचने के उपाय :-

1.     मैसेज के जरिए भेजी जाने वाली प्रमोशनल लिंक पर क्लिक करने से बचें । या इस प्रकार के कोई मैसेज सन्देश में भेजे गयें किसी लिंक से बचे ।

2.     कैशबैक और क्रेडिट कार्ड ऑफर करने वालों से भी सावधान रहें ।

फिशिंग मेल, मैसेज और कॉल से कैसे सावधान रहें ?

फिशिंग” का मतलब होता है लालच देकर फ्रॉड करना। आजकल मैसेज, कॉल और मेल के जरिए तमाम तरह के ऑफर दिए जा रहे हैं। आईफोन समेत तमाम ब्रांडेड फोन, लैपटॉप और इलेक्ट्रॉनिक एसेसरीज मामूली दामों पर ऑफर किए जा रहे हैं ।

फर्जी बैंकर बनकर कैशबैक और क्रेडिट कार्ड ऑफर करना भी फ्रॉड की दुनिया में काफी चलन में है । इसी तरह के लालच देकर कस्टमर से उसकी प्राइवेट डिटेल ली जा रही है और बाद में उनके अकाउंट को खाली कर दिया जा रहा है ।

फेक फ्रेंड से कैसे बचें?

साइबर क्राइम की दुनिया में एक नया तरीका ट्रेंड में है। इसमें आपके क्लोज फ्रेंड के नाम से फर्जी प्रोफाइल बनाकर फेसबुक या इंस्टाग्राम पर नई रिक्वेस्ट भेजी जाती है। फिर मैसेज भेजकर इमरजेंसी के नाम पर पैसा मांगा जाता है ।

फर्जी प्रोफाइल में फोटो से लेकर इन्फो तक सबकुछ हूबहू डाली जा रही है, जिससे लोगों को जरा भी शक नहीं होता। लेकिन कुछ बातों का ध्यान रखकर आप यह पता कर सकते हैं कि जिस प्रोफाइल से पैसा मांगा जा रहा है, वह फर्जी है या नहीं ।

कस्टमर केयर के नाम पर भी हो रहा फ्रॉड

आजकल हर प्रोडक्ट और सर्विस के लिए कस्टमर सपोर्ट उपलब्ध हैं। ऐसे में कोई दिक्कत होने पर लोग तत्काल कस्टमर सपोर्ट का नंबर खोजने लगते हैं। साइबर अपराधियों ने पहले से ही इंटरनेट पर कस्टमर सपोर्ट के नाम खुद का नंबर डाल रखा है। लोग उसे ही कस्टमर सपोर्ट नंबर समझ कर कॉल कर देते हैं । बाद में फर्जी कस्टमर केयर एक्जीक्यूटिव के तौर पर अपराधी उनसे उनकी पर्सनल डिटेल लेकर फ्रॉड को अंजाम देते हैं । मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, डिजिटल पेमेंट एप्लिकेशन जैसे- गूगल पे, फोन पे, पेटीएम के सबसे ज्यादा फर्जी कस्टमर सपोर्ट नंबर इंटरनेट पर डाले गए हैं, जिससे कस्टमर खुद साइबर अपराधियों तक पहुंच रहे हैं ।

अलर्ट नोटिफिकेशन ऑन रखें

·         आजकल वॉलेट ऐप जैसे- गूगल पे, फोन पे और पेटीएम पर मनी रिक्वेस्ट की सुविधा उपलब्ध है । यानी आपको कोई भी पेमेंट करने के लिए रिक्वेस्ट भेज सकता है । जिसके बाद बस एक क्लिक पर आपके अकाउंट से उस अकाउंट में पैसे चले जाएंगे । जैसे अगर आपके द्वारा ओलैक्श वैबसाइट पर किसी वस्त को बेचने के लिए कोई ऐड डाली है तो अपराधी आपको उस वस्तु को खरीदनें के लिए आपको मनी रिक्वेस्ट भेजता है । आपको वह फोन पर बात करते करते आपको बाते में फुसलाकर आपसे आपके बैंक का यु.पू.आई का पिन डलवा देता है । और फिर आपके ही पैसे कट जाते है । कृपा इस सम्बन्ध में सावधानी बर्ते । और दोबारा फिर वह अपराधी आपको फोन करके बोलता है कि सारी ये तो गल्ती से हो गया और मै आपके पैसे ट्रांसफर करता हुँ फिर वह आपके द्वारा युपीआई की पिन डलवा कर पैसे आपके बैंक खाते पैसे ट्रांसफर करवा लेता है ।

यातायात नियमों की पालना करनें के लिए ट्रैफिक पुलिस पचंकूला अभियान चलाकर कर रही है जागरुक ।

पचंकूला (ट्रैफिक पुलिस पचंकूला) यदि सुरक्षित रहना है तो हमेशा यातायात के नियमों की पालना करनी जरूरी है जब भी कोई कानून भंग करता है तो न केवल उसकी अपनी जिंदगी खतरे में पड़ती है बल्कि वह दूसरे के लिए भी खतरा बनता है इसलिए सड़कों पर सफर दौरान कायदे कानून मानने की जरूरत है । सड़क हादसों में मौत के मुंह में जाती जिंदगी से चिंतित पचंकूला पुलिस के ट्रैफिक पुलिस पचंकूला के इंचार्ज कहा है कि यदि लोग नियम मानने लग जाएं तो आधी से अधिक समस्याएं तो अपने आप ही खत्म हो जाएंगी । ट्रैफिक पुलिस पचंकूला ने बैनर व साईन बोर्ड तथा सर्दी के मौसमें कोहरे को देखते हुए सडक दुर्घटनाओ पर काबू पाने के लिए रेड रिफलैक्टर टेप लगाकर तथा ट्रक्टर ट्राली, बडे ट्रको पर तथा आटो चालको को रिफलैक्टर टेप लगाकर जागरुक किया जा रहा है

                          इसके अतिरिक प्रबंधक थाना रायपुररानी श्री यशदीप सिह (इन्सपैक्टर) नें भी रायपुररानी ग्रामीण क्षेत्र में ट्रैफिक के नियमों की पालनां करने बारे तरह तरह का अभियान चलाकर जागरुक किया जा रहा है । ताकि होने वाली सडक दुर्घटना से बचा जा सकें । तथा उन्होने दो पहिया वाहन चालक को कहा कि ज्यादातर सडक दुर्घटना में मौत सिर सडक पर लग जानें से होती है इसलिए जब भी दो पहिया वाहन चलायें तो हैल्मेंट का प्रयोग करें । इसके अलाव पचंकूला पुलिस कोरोना महामारी से बचनें के लिए कोरोना के नियमों की पालना करनें बारे जागरुक के साथ साथ फ्री मास्क वितरित करके कोरोना महामारी सक्रमण के बारे जागरुक किया जा  रहा है ।

 

सीसी॰टीवी कैमरो के द्वारा भी ट्रैफिक के नियमों की उल्लघनां करनें वालो पर रखी जा रही है नजर

          इसके अलावा ट्रैफिक पुलिस पचंकूला पचंकूला क्षेत्र में लगे सी0सी0टी0वी0 कैमरो के द्वारा भी निगरानी की जा रही है । जो अक्सर देखा जाता है कि लोग रेड लाईट जम्प, तेज रफ़्तार में ड्राइविंग, गल्त रास्ते का प्रयोग करना . ओवरलोड, बिना कागज पत्र के वाहन चलाने और ओर नियम की उल्लघना करते है जो सी0सी0टी0वी0 कैमरो के द्वारा ट्रैफिक के नियमों की उल्लघना करनें वालो के चालान करके सीधा घर भेजा जाता है ।

ट्रैफिक पुलिस पचंकूला नें ट्रैफिक अभियान चलाकर ट्रक , ट्रैक्टर ट्राली , डम्पर पर तथा आटो बस पर रैड रिफलैक्टर लगाकर ट्रैफिक के नियमों की पालना करने बारे जागरुक किया जा रहा है । ताकि धुंध में कोहरे के कारण कोई सडक दुर्घटना का हादसा ना हो सकें ।

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