समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के सोमवार को रामपुर कूच करने के कार्यक्रम को लेकर कांग्रेस बेहद खौफजदा है। मुकदमों से घिरे रामपुर से समाजवादी पार्टी के सांसद मोहम्मद आजम खां के बचाव में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के रामपुर आने के दौरान आसपास के जिलों से भी कार्यकर्ताओं को जुटाया जा रहा है। जिससे कांग्रेस को रामपुर में दंगा होने की संभावना लग रही है।

रामपुर: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव कल यानि सोमवार (9 सितंबर) को सपा सांसद आजम खान का समर्थन करने के लिए रामपुर जाएंगे. अखिलेश के साथ काफी बड़ी संख्या में सपा कार्यकर्ताओं के रामपुर पहुंचने की उम्मीद है. इसी के मद्देनजर रामपुर के जिलाधिकारी ने उत्तर प्रदेश सरकार को एक पत्र लिखा है. पत्र में मांग की गई है कि रामपुर में अखिलेश यादव के दौरे पर रोक लगाई जाए.
गौरतलब है कि रामपुर में आजम खान के भूमाफिया घोषित होने के बाद सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव उनके समर्थन में खुलकर सामने आए थे. मुलायम सिंह यादव ने इस मामले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम योगी आदित्याथ से भी बात करने की बात कही थी. इसके बाद अब अखिलेश यादव ने मोर्चा संभालने का निर्णय लिया है. भूमाफिया आजम खान के समर्थन में समाजवादी पार्टी सोमवार को सड़कों पर उतरेगी.
वहीं, रामपुर के जिलाधिकारी ने प्रदेश की योगी सरकार को लिखे पत्र में कहा है कि अखिलेश यादव के रामपुर दौरे पर रोक लगाई जाए. रामपुर के डीएम ने मुहर्रम के त्योहार के चलते अखिलेश के दौरे पर सरकार से बैन लगाने की मांग की है. उन्होंने कहा कि मुहर्रम को लेकर की गई सुरक्षा व्यवस्था अखिलेश यादव के आने से बिगड़ सकती है. उन्होंने कहा कि इस दौरान अखिलेश यादव को सुरक्षा देना एक बड़ी समस्या होगी, क्योंकि पुलिसबल मुहर्रम के त्योहार में सुरक्षा व्यवस्था देखेगा.
वहीं, डीएम ने यह भी कहा कि अखिलेश यादव ने अपने रामपुर दौरे की जानकारी नहीं दी है. बता दें कि 10 सितंबर को मुहर्रम के चलते धारा 144 लागू है और किसी भी प्रकार के धरना-प्रदर्शन की अनुमति नहीं है. वहीं, सूत्रों का कहना है कि अखिलेश यादव 11 सितंबर को भी रामपुर में रुक सकते हैं.

