अमेठी में भारत का पहला विमानन विषविद्यालय आज से कार्यशील

उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले के फुर्सतगंज में स्थापित देश के पहले विमानन विश्वविद्यालय का उद्घाटन आज हुआ। राजीव गांधी राष्ट्रीय एविएशन विश्वविद्यालय (आरजीएनएयू) के अपना नाम नहीं बताने के इच्छुक अधिकारियों ने बताया कि विश्वविद्यालय फुर्सतगंज स्थित अपने परिसर में अगले सत्र से अपने प्रमुख पाठ्यक्रम को शुरू करने की योजना बना रहा है। आने वाले समय में प्रबंधन से जुड़े पाठ्यक्रम भी शुरू करने की योजना है।

अमेठी: केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के संसदीय क्षेत्र के फुर्सतगंज में विश्व का पांचवा और देश का पहला विमानन यूनिवर्सिटी शुरू हो गया है. यूनिवर्सिटी के पहले सत्र में देश के विभिन्न हिस्सों से आए 30 बच्चों को दाखिला मिला है और सब कुछ ठीक-ठाक रहा तो अगले सत्र में यहां सभी पाठ्यक्रमों की पढ़ाई शुरू हो जाएगी.

केंद्र की कांग्रेस सरकार के अंतिम साल 2013 में देश के पहले विमानन की स्थापना को मंजूरी मिली थी. उत्तर प्रदेश सरकार से जमीन न मिलने पर तत्कालीन सांसद राहुल गांधी की पहल पर इंदिरा गांधी उड़ान अकादमी अपनी 26.36 एकड़ भूमि 8 जुलाई 2016 को उपलब्ध कराई थी. हांलाकि निर्माण 15 महीने बाद शुरू हुआ.

इंदिरा गांधी उड़ान अकादमी फुर्सतगंज के सिल्वर जुबली कार्यक्रम के दौरान 2011 में राहुल गांधी ने यहां विमानन यूनिवर्सिटी बनाने की बात कही थी और 2013 में 13 सितंबर को शिलान्यास हुआ था.

नागर विमानन मंत्रालय के प्रशासनिक नियंत्रण में स्थापित यह केन्द्रीय विश्वविद्यालय एक स्वायत संस्था हैं जिसका लक्ष्य विमानन के क्षेत्र में अध्ययन, शिक्षा, प्रशिक्षण और अनुसंधान को बढ़ावा देना है। एयर वाइस मार्शल ‘अवकाश प्राप्त’ नलिन टंडन को विश्वविद्यालय का कुलपति नियुक्त किया गया है।

अपना नाम नहीं बताने के इच्छुक अधिकारियों ने बताया कि विश्वविद्यालय फुर्सतगंज स्थित अपने परिसर में अगले सत्र से अपने प्रमुख पाठ्यक्रम को शुरू करने की योजना बना रहा है। आने वाले समय में प्रबंधन से जुड़े पाठ्यक्रम भी शुरू करने की योजना है।

0 replies

Leave a Reply

Want to join the discussion?
Feel free to contribute!

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *